अकोला चित्तौड़गढ़ (राजस्थान), 7 July 2026 | www.aspiranteducation.org
अकोला। राष्ट्रीय कौशल विकास निगम (एनएसडीसी) एवं स्किल इंडिया से प्रमाणित स्वयंसेवी संस्था आस्पिरेंट एजुकेशन संस्थान ने आज अपने अकोला केंद्र पर आयोजित 3 महीन के कौशल प्रशिक्षण का भव्य समापन किया। दिनांक 07 जुलाई 2026 को आयोजित समापन समारोह में सफल प्रशिक्षणार्थियों को प्रमाण-पत्र प्रदान किए गए।
शिविर में प्रशिक्षण के पाठ्यक्रम: इस शिविर में क्षेत्र की उत्साही युवतियों ने जनरल ड्यूटी असिस्टेंट (जीडीए), बेसिक कंप्यूटर ऑपरेटर — इन व्यावसायिक पाठ्यक्रमों में 45दिन का गहन प्रशिक्षण प्राप्त किया। प्रशिक्षण में सैद्धांतिक ज्ञान के साथ-साथ व्यावहारिक कौशल पर विशेष बल दिया गया।
प्रशिक्षण का सदुपयोग: क्षेत्र की बालिकाओं एवं युवतियों ने अपनी गर्मियों की छुट्टियों को व्यर्थ न जाने देते हुए इस प्रशिक्षण में बढ़-चढ़कर भाग लिया। जीडीए कोर्स में स्वास्थ्य सेवा का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया, जबकि कंप्यूटर पाठ्यक्रम में डिजिटल साक्षरता पर ध्यान केंद्रित किया गया।
समर्पित प्रशिक्षकों का योगदान: संस्थान के अनुभवी एवं समर्पित प्रशिक्षकों ने इस पूरे प्रशिक्षण के दौरान अथक परिश्रम किया। प्रत्येक छात्रा को व्यक्तिगत ध्यान देते हुए उनकी प्रतिभा को निखारा गया। प्रशिक्षकों की लगन और मेहनत के दम पर यह मिशन सफलतापूर्वक पूरा किया गया।
“ समय को व्यर्थ न जाने दें — इन बेटियों ने एक महीने में वह सीखा जो जीवन भर काम आएगा। हमारा उद्देश्य हर बेटी को आत्मनिर्भर बनाना है। यही आस्पिरेंट एजुकेशन संस्थान की प्रेरणा और संकल्प है।”
— श्री क्षितिज कुमार, संस्थापक एवं निदेशक, आस्पिरेंट एजुकेशन संस्थान
प्रमाण-पत्र वितरण: समापन समारोह में सभी सफल प्रशिक्षणार्थियों को "skill development training प्रमाण-पत्र" प्रदान किए गए। प्रमाण-पत्र पाते समय छात्राओं के चेहरों पर आत्मविश्वास और उपलब्धि की अपार खुशी साफ दिखाई दे रही थी।
संस्थान के बारे में: आस्पिरेंट एजुकेशन संस्थान (एईएस) वर्ष 2007 से कौशल विकास एवं महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में अग्रणी भूमिका निभा रहा है। संस्थान के देश के 12 से अधिक राज्यों में 320+ प्रशिक्षण केंद्र संचालित हैं और अब तक 2,60,000 से अधिक युवाओं को प्रशिक्षित किया जा चुका है। संस्थान 80G, 12A एवं FCRA पंजीकृत है तथा केंद्रीय मुख्यालय अजमेर, राजस्थान में है। भूपालसागर का यह केंद्र 2015 से निरंतर ग्रामीण बेटियों को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में समर्पित भाव से कार्य कर रहा है।
इस सफल आयोजन पर संस्थान के समस्त स्टाफ, प्रशिक्षकों एवं स्थानीय समुदाय को हार्दिक बधाई। ऐसे आयोजन न केवल युवतियों को आर्थिक स्वावलंबन की राह दिखाते हैं, बल्कि समाज में एक सकारात्मक परिवर्तन का सूत्रपात भी करते हैं।